उत्तराखंड पुलिस के 3 CO बने ‘बिना काम के अफसर’, न जिम्मेदारी न तैनाती—उधर जिलों में CO की मांग, विभाग का बट्टा बैठाने में लगे पुलिस मुख्यालय के हीरे !!

उत्तराखंड पुलिस में पदोन्नति के बाद अधिकारियों को जिम्मेदारी देने की व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। पुलिस उपाधीक्षक (CO) पद पर पदोन्नति पाए तीन अधिकारियों को करीब दो माह बीतने के बावजूद अब तक नई तैनाती नहीं मिल सकी है। आलम यह है कि पदोन्नति के बाद भी तीनों अधिकारी बिना स्पष्ट कार्यदायित्व के समय काटने को मजबूर बताए जा रहे हैं। बस नाम मात्र के लिए कावंड़ जैसे कार्यक्रमों में इनकी ड्यूटी तो लगाई जाती है लेकिन स्थायी तैनाती देने को कोई तैयार नहीं।

पुलिस उपाधीक्षक पद पर पदोन्नति के करीब दो महीने बाद भी नदीम अतहर, राजेश शाह और प्रदीप पंत को को नियमित तैनाती नहीं मिल पाना पुलिस महकमे की कार्यप्रणाली पर बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। एक तरफ अधिकारी पदोन्नति के बाद नई जिम्मेदारी का इंतजार कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कई जिलों में CO स्तर के अधिकारियों की जरूरत बनी हुई है।

कई जिलों में जरूरत, फिर भी तैनाती क्यों नहीं?

सूत्रों के मुताबिक कुछ जनपदों में CO स्तर के अधिकारियों की आवश्यकता जताई जा रही है, लेकिन पदोन्नत अधिकारियों को वहां व अन्य जगह तैनाती नहीं मिल पा रही है। यहां तक कि कुछ कप्तानों ने तो अतिरिक्त CO की तैनाती को लेकर मुख्यालय को DO लेटर भी प्रेषित किये हुए हैं लेकिन फिर भी पुलिस मुख्यालय इन तीनों अधिकारियों की सेवाओं का इस्तेमाल नहीं कर पा रहा है।

ऐसे में दो माह तक तैनाती के इंतजार में रखना न सिर्फ अधिकारियों के मनोबल पर असर डाल सकता है, बल्कि पुलिस व्यवस्था की जरूरतों को लेकर भी सवाल खड़े करता है। महकमे के गलियारों में चर्चा तो यह तक है कि इन तीनों अधिकारियों की राज्य सरकार द्वारा निर्गत तनख्वाह तक उन पुलिस से अधिकारियों से वसूलनी चाहिए जोकि इन्हें बिना कामकाज के खाली बैठाए हुए हैं।

बड़े साहिब’ की ओर टकटकी लगाए बैठा पूरा महकमा

DOON MIRROR ने जब इस पूरे प्रकरण को लेकर संबंधित अधिकारियों से पड़ताल की तो कोई भी अधिकारी इस मामले पर खुलकर कुछ बोलने को तैयार नहीं हुआ। कोई जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं, कोई स्पष्ट जवाब देने की स्थिति में नहीं। महकमे में स्थिति ऐसी बन गई है कि हर किसी की नजर अब ‘बड़े साहिब’ पर टिकी हुई है, और बड़े साहब देहरादून व दिल्ली के बीच के साप्ताहिक सफर में व्यस्त दिख रहे हैं।